इंसाफ़ टाइम्स डेस्क
बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की तैयारियों के बीच सत्ताधारी गठबंधन एनडीए में सीट बंटवारे को लेकर हलचल तेज हो गई है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नवरात्र के बाद सीट शेयरिंग की घोषणा की है, जबकि हाल ही में केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को बिहार का चुनाव प्रभारी नियुक्त किया गया है।
चुनाव प्रभारी बनने के बाद धर्मेंद्र प्रधान ने रविवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात की। इस बैठक में उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा भी मौजूद थे। धर्मेंद्र प्रधान ने इस मुलाकात को ‘सुखद भेंट’ बताते हुए ट्वीट किया, “आज पटना में मुख्यमंत्री श्री @NitishKumar जी, उप-मुख्यमंत्री श्री @samrat4bjp जी एवं जदयू के कार्यकारी अध्यक्ष श्री @SanjayJhaBihar जी से सुखद भेंट हुई।”
इस मुलाकात के बाद से एनडीए में सीट बंटवारे की चर्चा तेज हो गई है। सूत्रों के अनुसार, भाजपा और जदयू के बीच 101-102 सीटों पर सहमति बन सकती है, जबकि छोटे सहयोगी दलों को 10-20 सीटें मिल सकती हैं।
हालांकि, सीट बंटवारे पर अंतिम निर्णय चुनाव आयोग द्वारा चुनाव तिथियों की घोषणा के बाद लिया जाएगा। इस देरी के कारण गठबंधन के छोटे दलों में असंतोष बढ़ रहा है।
इस बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह बिहार का लगातार दौरा कर रहे हैं। शाह ने हाल ही में पटना और अररिया में भाजपा कार्यकर्ताओं से मुलाकात की और एनडीए के लिए 160 से अधिक सीटें जीतने का लक्ष्य निर्धारित किया।
महागठबंधन की ओर से भी सीट बंटवारे की प्रक्रिया शुरू हो गई है। राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने दावा किया है कि अगले दस दिनों में सीटों का बंटवारा तय हो जाएगा और तेजस्वी यादव को मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित किया जाएगा।
चुनाव की तिथियों की घोषणा के बाद सीट बंटवारे पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा, जो बिहार की राजनीति की दिशा तय करेगा।
