बिहार सरकार के पूर्व मंत्री और जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेजप्रताप यादव ने पार्टी के राजनीतिक विस्तार को लेकर बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि जेजेडी अब सिर्फ बिहार तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि आगामी दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) चुनाव और पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में अपने उम्मीदवार उतारेगी।
एक समाचार एजेंसी से बातचीत में तेजप्रताप यादव ने कहा कि जेजेडी राष्ट्रीय स्तर पर एक मजबूत वैकल्पिक राजनीतिक शक्ति के रूप में उभरने की तैयारी कर रही है। उन्होंने दावा किया कि दिल्ली, पश्चिम बंगाल समेत कई राज्यों में पार्टी को जनता का समर्थन मिल रहा है और संगठन को तेजी से मजबूत किया जा रहा है।
तेजप्रताप यादव ने बताया कि दिल्ली और पश्चिम बंगाल में जेजेडी का संगठन जमीनी स्तर पर तैयार किया जा रहा है। दोनों राज्यों में चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों के नामों की घोषणा जल्द की जाएगी। उन्होंने कहा कि बेरोजगारी, महंगाई, शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक न्याय जैसे आम जनता से जुड़े मुद्दे पार्टी के चुनावी एजेंडे के केंद्र में होंगे।
पूर्व मंत्री तेजप्रताप यादव ने केंद्र और राज्य सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि मौजूदा नीतियों से आम लोग परेशान हैं। उन्होंने कहा कि देश को एक नए राजनीतिक विकल्प की जरूरत है और जेजेडी इस भूमिका को निभाने के लिए पूरी तरह तैयार है।
तेजप्रताप यादव ने युवाओं, किसानों और मजदूरों से जेजेडी से जुड़ने की अपील करते हुए कहा कि पार्टी सामाजिक न्याय, समान अवसर और जनहित के मुद्दों पर मजबूती से संघर्ष करेगी।
तेजप्रताप यादव का यह ऐलान ऐसे समय में आया है, जब कई क्षेत्रीय दल राष्ट्रीय राजनीति में अपनी मौजूदगी दर्ज कराने की कोशिश में जुटे हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि एमसीडी चुनाव और पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में उतरने का फैसला जेजेडी की राष्ट्रीय राजनीति में सक्रिय भूमिका निभाने की रणनीति का हिस्सा है।
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में इसी साल अप्रैल–मई के दौरान विधानसभा चुनाव होने हैं, जहां मुख्य मुकाबला मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी के बीच माना जा रहा है। ऐसे में जेजेडी का चुनावी मैदान में उतरना राजनीतिक समीकरणों को नया मोड़ दे सकता है।
