असम और त्रिपुरा में सुरक्षा एजेंसियों ने आतंकी साज़िश की आशंका के बीच बड़ी कार्रवाई करते हुए बांग्लादेश स्थित प्रतिबंधित जिहादी संगठनों—अलकायदा इन इंडियन सबकॉन्टिनेंट (AQIS) और उससे जुड़े संगठन अंसारुल्लाह बांग्ला टीम (ABT) से कथित संबंध रखने के आरोप में 11 लोगों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई खुफिया एजेंसियों से मिली ठोस सूचनाओं के आधार पर की गई।
असम पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने राज्य के चार जिलों में देर रात एक साथ छापेमारी कर 10 संदिग्धों को हिरासत में लिया, जबकि एक अन्य आरोपी को त्रिपुरा से गिरफ्तार किया गया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, सभी गिरफ्तारियां एक ही नेटवर्क से जुड़ी बताई जा रही हैं।
पुलिस का दावा है कि प्रारंभिक जांच में गिरफ्तार आरोपियों के AQIS और अंसारुल्लाह बांग्ला टीम (ABT) के मॉड्यूल से कथित संपर्क सामने आए हैं। यह नेटवर्क पूर्वोत्तर भारत में युवाओं को कट्टरपंथी विचारधारा से जोड़ने, गुप्त सेल खड़े करने और संवेदनशील इलाकों में अस्थिरता फैलाने की साज़िश रच रहा था।
गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) और गैरकानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम—UAPA की विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। छापेमारी के दौरान मोबाइल फोन, सिम कार्ड, डिजिटल डाटा, आपत्तिजनक दस्तावेज और अन्य सामग्री जब्त की गई है, जिन्हें फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है।
जांच एजेंसियां यह भी पता लगा रही हैं कि इस कथित नेटवर्क के तार बांग्लादेश सहित अन्य देशों से कैसे जुड़े थे, फंडिंग के स्रोत क्या थे और क्या सोशल मीडिया व एन्क्रिप्टेड मैसेजिंग ऐप्स के जरिए संपर्क साधा जा रहा था। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या इस मॉड्यूल की शाखाएं अन्य पूर्वोत्तर राज्यों में भी सक्रिय थीं।
पुलिस और खुफिया एजेंसियों ने कहा है कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी तरह की नरमी नहीं बरती जाएगी। आम नागरिकों से अपील की गई है कि वे अफवाहों से बचें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत प्रशासन को दें।
सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, यह कार्रवाई पूर्वोत्तर में सक्रिय जिहादी नेटवर्क के खिलाफ चल रहे व्यापक अभियान का हिस्सा है। मामले में आगे की जांच जारी है और आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियों या अहम खुलासों की संभावना जताई जा रही है।
