सांसद इकरा हसन ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से ‘फुले’ फिल्म को टैक्स फ्री करने की की अपील

इंसाफ़ टाइम्स डेस्क

महात्मा ज्योतिबा फुले और सावित्रीबाई फुले के जीवन और संघर्ष पर आधारित फिल्म ‘फुले’ को उत्तर प्रदेश में टैक्स फ्री करने की मांग जोर पकड़ रही है। इस कड़ी में कैराना से लोकसभा सांसद इकरा हसन ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर अनुरोध किया है कि इस सामाजिक संदेश से भरपूर फिल्म को टैक्स से मुक्त किया जाए, ताकि यह अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचे।

28 अप्रैल 2025 को भेजे गए पत्र में सांसद इकरा हसन ने लिखा है कि “महात्मा फुले ने शिक्षा, नारी सशक्तिकरण, जातिवाद के खिलाफ संघर्ष और सामाजिक न्याय के क्षेत्र में जो अतुलनीय योगदान दिया, वह आज के दौर में भी पूरी तरह प्रासंगिक है। उनके विचार राष्ट्र की एकता, अखंडता और सामाजिक समरसता को मजबूत करने में सहायक हैं।”

सांसद ने यह भी कहा कि ‘फुले’ फिल्म न केवल ऐतिहासिक महापुरुषों की विचारधारा को सामने लाती है, बल्कि वर्तमान समय के सामाजिक मुद्दों पर भी सोचने को मजबूर करती है। उन्होंने मांग की कि इसे उत्तर प्रदेश में मनोरंजन कर से मुक्त (Tax Free) किया जाए।

इससे पहले भी सीतापुर में समाजवादी छात्र सभा द्वारा मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपकर फिल्म को टैक्स फ्री करने की मांग उठाई गई थी। छात्र नेताओं ने कहा कि यह फिल्म समाज के वंचित तबकों को न्याय, शिक्षा और समानता के लिए प्रेरित करती है।

फिल्म ‘फुले’ 25 अप्रैल 2025 को सिनेमाघरों में रिलीज़ हुई। यह फिल्म महात्मा ज्योतिबा फुले और सावित्रीबाई फुले की जीवनी पर आधारित है, जिन्होंने 19वीं सदी में स्त्रियों और दलितों की शिक्षा के लिए ऐतिहासिक आंदोलन खड़ा किया था।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी महात्मा फुले की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा था कि “फुले जी ने जाति प्रथा, असमानता और अशिक्षा जैसी कुरीतियों के उन्मूलन हेतु आजीवन संघर्ष किया।”

अब जब समाज के विभिन्न वर्गों से फिल्म को टैक्स फ्री करने की मांग उठ रही है, तो यह देखना दिलचस्प होगा कि उत्तर प्रदेश सरकार इस पर क्या निर्णय लेती है।

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