इंसाफ़ टाइम्स डेस्क
भारत के विदेश मंत्री एस.जयशंकर द्वारा नीदरलैंड में दिए गए एक साक्षात्कार के वीडियो क्लिप ने सोशल मीडिया पर भारी चर्चा और आलोचना बटोरी है। साक्षात्कार में जयशंकर के कई सवालों पर “अस्पष्ट” और “अनुत्तरदायी” जवाबों को लेकर कई लोग असंतुष्ट दिखे हैं। खासतौर पर भारत-पाकिस्तान संबंधों और हालिया पहल्गाम हमले के बाद भारत की प्रतिक्रिया को लेकर उनकी चुप्पी सवालों के घेरे में आई है।
नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भी इस मुद्दे को उठाते हुए ट्विटर (अब X) पर एक पोस्ट किया। उन्होंने तीन प्रमुख सवाल जयशंकर से बार-बार पूछे जाने का जिक्र किया है, जो ऑपरेशन सिंदूर के बाद भी अनसुलझे हैं। राहुल ने विदेश मंत्री को चुनौती दी कि वे स्पष्ट करें—भारत को पाकिस्तान के साथ क्यों जोड़ा जा रहा है? एक भी देश पाकिस्तान की निंदा में भारत का साथ क्यों नहीं दे रहा? और आखिर किसने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से भारत-पाकिस्तान के बीच मध्यस्थता करने को कहा?
राहुल गांधी ने जयशंकर के साक्षात्कार की क्लिप भी शेयर की, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है। इस विवाद ने भारत की विदेश नीति और सरकार की रणनीति पर बहस को हवा दे दी है।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे सवालों के जवाब न मिलने से भारत की विदेश नीति पर उठ रहे सवाल और भी बढ़ सकते हैं। विपक्ष ने सरकार से पारदर्शिता और स्पष्टता की मांग की है ताकि जनता को सही स्थिति का पता चल सके।