बिहार के ग्रामीण क्षेत्र से निकलेगा अगला क्रिकेट सितारा: Rural Cricket League की तैयारी शुरू

बिहार क्रिकेट एसोसिएशन (BCA) ने ग्रामीण क्रिकेट प्रतिभाओं को बड़े मंच पर दिखाने के लिए Rural Cricket League (BRL) का आयोजन किया है। यह लीग देश की अब तक की सबसे बड़ी ग्रामीण क्रिकेट पहल मानी जा रही है। इसमें 38 जिलों के ग्रामीण क्षेत्रों से कुल 12,800 खिलाड़ियों को टी‑20 फॉर्मेट में खेलने का मौका मिलेगा।

लीग में 640 टीमों के बीच कुल 645 मैच होंगे, जिन्हें तीन चरणों में खेला जाएगा:

पहला चरण: 600 मैच

दूसरा चरण: 35 मैच

तीसरा (फाइनल): 10 मैच

इस लीग के लिए कुल 15,000 से अधिक खिलाड़ियों ने पंजीकरण कराया था। ट्रायल 7 दिसंबर से पश्चिम चंपारण (ईस्ट चंपारण – वेस्ट जोन) में शुरू होंगे। इसके बाद अन्य जिलों में क्रमवार ट्रायल आयोजित होंगे।

ग्रामीण युवा—चाहे किसान, दुकानदार या मछुआरे परिवार से हों—अब अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका पा रहे हैं। कोच और स्थानीय क्लब की मदद से आर्थिक तंगी या संसाधन की कमी अब बाधा नहीं बनेगी।

जैसे ही लीग शुरू होगी, खिलाड़ियों की आंखों में वही जोश दिखेगा, जो अब तक केवल शहरों में ही देखा जाता था।

BCA अध्यक्ष ने कहा कि यह लीग बिहार के उन युवाओं के लिए मिशन है, जिन्हें मुख्यधारा के क्रिकेट में अवसर नहीं मिला!ग्रामीण खिलाड़ियों को राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलने की संभावना है। यह आयोजन सामाजिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह शहरी-ग्रामीण असंतुलन को कम करने में मदद करेगा।

रविकांत, आकाश, राज कमल और सोनू जैसे युवा खिलाड़ी पहले ही पंजीकरण कर चुके हैं। चयनकर्ता गांव-गांव जाकर उनकी प्रतिभा का आकलन करेंगे। यदि खिलाड़ी दम दिखाएंगे, तो उन्हें राज्य या राष्ट्रीय टीम तक पहुंचने का मौका मिलेगा।

रूपक कुमार, मीडिया प्रभारी BRL ने कहा कि “7 दिसंबर से ट्रायल शुरू हो रहे हैं। जो खिलाड़ी ऑनलाइन पंजीकरण नहीं कर पाए, वे ऑन-स्पॉट पंजीकरण कर सकते हैं। मैच 7 जनवरी से शुरू होंगे। हमारा लक्ष्य है कि बिहार के ग्रामीण इलाकों से ऐसे खिलाड़ी सामने आएं जो अपनी प्रतिभा से क्रिकेट की दुनिया में नाम बनाएं।”

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