बिहार कैबिनेट की हुई बैठक में 7वे चरण की शिक्षक नियुक्ति के लिए नई नियमावली को मंजूरी प्रदान

पटना (अनम जहां/इंसाफ़ टाइम्स) बिहार में आज कैबिनेट की मीटिंग आयोजित की गई। इस मीटिंग में कैबिनेट ने आज एक बड़ा फैसला लिया है। इस मीटिंग में उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव समेत कई बड़े मंत्री मौजूद थे। बिहार कैबिनेट में आज 7वें चरण की शिक्षक भर्ती के लिए नई नियमावली को मंजूरी दी गई है। इस नियमावली के पास होने के बाद लगभग 3 लाख टीचरों की भर्ती की जाएगी। इसके लिए जल्द ही लिस्ट जारी की जाएगी। बता दें कि बिहार में नए शिक्षक नियमावली, 2023 पर कैबिनेट ने मुहर लगा दी है। नई नियमावली के अनुसार, शिक्षकों की बहाली अब आयोग के माध्यम से की जाएगी। इसके अलावा भी नई नियमावली में कई बदलाव किए गए हैं।
बिहार सरकार ने शिक्षकों की भर्ती के लिए नियोजन ईकाई को खत्म कर दिया है। क्योंकि नियमावली में ये प्रावधान किया गया है कि शिक्षकों की भर्ती आयोग के जरिए की जाएगी। इसके साथ ही सातवें चरण की बहाली का इंतजार कर रहे अभ्यार्थियों का इंतजार खत्म हो गया है। जल्द ही लगभग 3 लाख टीचरों की भर्ती की जाएगी। बता दें कि अब जिला या प्रखंड स्तर पर नियोजन ईकाई का कोई प्रावधान नहीं रहेगा।
नई नियमावली में 3 एग्जाम का प्रावधान किया गया है। इन तीनों एग्जाम को पास करने के बाद उम्मीदवार राज्य शिक्षक या कहें राजपात्रित कर्मचारी बन जाएंगे। बता दें कि इस प्रावधान से नियोजित शिक्षकों के सरकारी शिक्षक घोषित करने की मांग भी पूरी हो गई है।

इसे लेकर बिहार के शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर ने कहा कि अब शिक्षकों को राज्यकर्मी का दर्जा दिया जाएगा, आकर्षक वेतन के साथ सभी सुविधाएं दी जाएंगी। जो नियोजित शिक्षक हैं उन्हें BPSC के माध्यम से एक परीक्षा पास करनी होगी फिर वे भी नियमित शिक्षक बन जाएंगे। सवा दो लाख के आसपास अभी शिक्षकों की भर्ती होगी और उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में तीसरे और चौथे श्रेणी में 40-50 हज़ार बहाली होगी।

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