
दिल्ली (इंसाफ़ टाइम्स डेस्क) झारखंड विधानसभा चुनाव से पहले चुनाव आयुक्त द्वारा देवघर के एसपी अजीत पीटर डुंगडुंग और रांची में उपायुक्त के पद पर कार्यरत रहे मंजूनाथ भजंत्री को हटा दिया गया है,चुनाव आयुक्त की इस कार्रवाई के बाद आयुक्त पर आरोप लग रहा है कि वो दलित/आदिवासी समाज से आने वाले अधिकारियों को चुन चुन कर हटा रही है
हेमंत सोरेन और भारतीय ट्राइबल आर्मी के ज़रिए आरोप लगाए जाने के अब्द,अब इंडिया गठबंधन की सारी पार्टियों (झारखंड मुक्ति मोर्चा,कांग्रेस,राष्ट्रीय जनता दल और सीपीआई एमएल) के प्रतिनिधिमंडल ने राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी को ऐसी कार्रवाई के ख़िलाफ़ मेमोरेंडम सौंपा है
इंडिया गठबंधन की पार्टियों ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आरोप लगाया कि “भाजपा के इशारे पर चुनाव आयुक्त काम कर रहा है,और बगैर कारण के दलित/आदिवासी अधिकारियों को हटाया जा रहा है”
झारखंड मुक्ति मोर्चा के केंद्रीय महासचिव और प्रवक्ता सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि झारखंड में भारतीय जनता पार्टी और चुनाव आयोग का अनैतिक गठबंधन है, जो ‘बंटी और बबली’ की तर्ज पर काम कर रहा है