
दिल्ली (इंसाफ़ टाइम्स डेस्क) उत्तरप्रदेश के मुजफ्फरनगर ज़िला के खतौली थाना के भैंसी गांव में एक दलित व्यक्ति का अंतिम संस्कार शमशान घाट में नहीं होने देने और उसकी शव यात्रा को रोक दिए जाने का मामला सामने आया है
भैंसी निवासी मुकेश की बेटी सोनिया ने मुकदमा दर्ज कराते हुए बताया कि 9 नवंबर को वाल्मीकि समुदाय के लोग शव यात्रा लेकर श्मशान घाट जा रहे थे,इस दौरान ग्राम प्रधान अमित अहलावत ने अपने साथी आकाश,शिवा,संजू व चार अज्ञात लोगों के साथ शव यात्रा को जबरन रोक दिया
भैंसी गांव के प्रधान अमित अहलावत ने श्मशान घाट पर अंतिम संस्कार न करने की चेतावनी दी, इस दौरान जातिसूचक टिप्पणी कर उन्हें अपमानित किया गया
सूचना मिलने पर पुलिस और तहसील अधिकारी पहुंचे,आरोप है कि अधिकारी के सामने भी जातिसूचक गलियां दी जाती रही है
सीओ राम आशीष यादव ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है, उन्होंने बताया कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है, जांच के आधार पर जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आरोपियों के खिलाफ आगे की कार्रवाई की जाएगी