
दिल्ली (इंसाफ़ टाइम्स डेस्क) उत्तरप्रदेश में कानपुर के सीसामऊ विधानसभा से समाजवादी पार्टी के विधायक इरफ़ान सोलंकी को इलाहाबाद हाई कोर्ट ने एक महिला नज़ीर फातिमा की झोपड़ी में आग लगाने व उनकी प्रॉपर्टी हड़पने के मामले में ज़मानत दिया है
लेकिन सोलंकी अभी जेल में ही रहेंगे और उनकी विधानसभा की सदस्यता भी बहाल नहीं होगी , क्यूंकि उन पर अन्य मामले पेंडिंग हैं
जस्टिस राजीव गुप्ता और जस्टिस सुरेंद्र सिंह की डिवीजन बेंच ने यह निर्णय सुनाया,इस मामले में सुनवाई पूरी होने के बाद अदालत ने 8 नवंबर को अपना फैसला सुरक्षित कर लिया था,कानपुर की स्पेशल एमपी एमएलए कोर्ट ने इसी साल 7 जून को समाजवादी पार्टी के विधायक इरफान सोलंकी समेत कई लोगों को दोषी ठहराया था और सजा का ऐलान किया था
सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में पिछले महीने इलाहाबाद हाईकोर्ट को 10 दिनों में सुनवाई पूरी करने और फैसला सुनाने को कहा था, इस मामले में यूपी सरकार ने भी हाईकोर्ट में अपील दाखिल की थी,इरफान सोलंकी ने अपनी अपील में सजा रद्द करने की गुहार लगाई थी, वहीं उत्तर प्रदेश सरकार की अपील में 7 साल की सजा को बढ़ाकर उम्रकैद में तब्दील करने की मांग की थी