बिहार में 12 घंटे में 25 मौतें: आंधी और वज्रपात से भारी तबाही

इंसाफ़ टाइम्स डेस्क

बिहार में पिछले 12 घंटों के दौरान आंधी और वज्रपात ने कहर बरपाया है, जिसमें विभिन्न जिलों में कम से कम 25 लोगों की मौत हो गई है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस आपदा पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है।

प्रभावित जिले और हताहतों की संख्या

मधुबनी: 5 मौतें

औरंगाबाद: 4 मौतें

सुपौल: 3 मौतें

नालंदा: 3 मौतें

लखीसराय: 2 मौतें

पटना: 2 मौतें

बेगूसराय, जमुई, गोपालगंज, रोहतास, समस्तीपुर, पूर्णिया: प्रत्येक जिले में 1-1 मौत

इसके अलावा, इन घटनाओं में 39 लोग घायल हुए हैं, जिनका विभिन्न अस्पतालों में इलाज चल रहा है।

सरकार की अपील और मौसम पूर्वानुमान

मुख्यमंत्री ने नागरिकों से अपील की है कि वे खराब मौसम के दौरान सतर्क रहें और घरों में ही रहें। उन्होंने आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा जारी निर्देशों का पालन करने का आग्रह किया है। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों में राज्य के उत्तरी हिस्सों में और अधिक आंधी और वज्रपात की संभावना जताई है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

बिजली गिरने से बढ़ती मौतें

बिहार में मानसून के दौरान बिजली गिरने की घटनाएं आम हैं, जिससे हर साल सैकड़ों लोगों की जान जाती है। विशेषज्ञों के अनुसार, खेतों में काम करने वाले लोगों की संख्या अधिक होने के कारण वे अधिक जोखिम में होते हैं।

सरकार के निर्देश

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे प्रभावित परिवारों को तुरंत सहायता राशि प्रदान करें और आंधी से हुए नुकसान का आकलन करें। उन्होंने पेड़ गिरने से बाधित आवागमन को शीघ्र बहाल करने के भी निर्देश दिए हैं।

नागरिकों के लिए सुझाव

खराब मौसम के दौरान घर के अंदर रहें।

बिजली के खंभों, पेड़ों और जलाशयों से दूर रहें।

आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।

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