सोनिया गांधी से लालू और नीतीश की हुई मुलाक़ात, कांग्रेस के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के चुनाव के बाद फिर से मिलकर करेंगे चर्चा

पटना (अनम जहां/इंसाफ़ टाइम्स) बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने रविवार को कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात की। इस दौरान 2024 के आम चुनावों में भाजपा का मुकाबला करने के लिए विपक्षी दलों को एकजुट करने की रणनीति पर चर्चा हुई। दरअसल, राजद प्रमुख लालू यादव शनिवार को दिल्ली पहुंचे थे, जबकि नीतीश हरियाणा में एक रैली में शामिल होने के बाद दिल्ली आए।कांग्रेस की अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात के बाद बिहार CM नीतीश कुमार व RJD प्रमुख लालू यादव ने कहा कि हमने सोनिया जी से बात की, हमारा विचार है देश में अनेक दलों को एकजुट करना और मिलकर प्रगति के लिए काम करना।

उनके पार्टी अध्यक्ष का चुनाव है इसके बाद आगे की बात होगी।बैठक के बाद लालू यादव ने कहा कि हमने भाजपा को बिहार से विदा कर दिया है। अब देश से उनकी विदाई की बारी है। उन्होंने कहा कि देश को बचाना है, तो भाजपा को हटाना है। उसके लिए हम सभी को एक साथ आना होगा। हमारी सोनिया गांधी से बातचीत हुई है। कांग्रेस पार्टी को नया अध्यक्ष मिलने के बाद उन्होंने हमें 10-12 दिनों के बाद फिर से मिलने के लिए कहा है।

विपक्षी एकता को मजबूत करने के लिए सोनिया गांधी के 10 जनपथ आवास पर बैठक को बहुत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इसे कांग्रेस और कुछ क्षेत्रीय दलों के बीच मतभेदों को सुलझाने के प्रयास के रूप में भी देखा जा रहा है। अगस्त में बिहार में नई सरकार बनाने के लिए भाजपा से नाता तोड़ने और राजद-कांग्रेस से हाथ मिलाने के बाद से नीतीश कुमार की सोनिया गांधी से यह पहली मुलाकात है।इससे पहले लालू यादव ने कहा था कि नीतीश कुमार और मैं सोनिया गांधी से मिलेंगे। हम विपक्ष को एकजुट करने के लिए सभी प्रयास कर रहे हैं। जब उनसे पूछा गया कि क्या वे 2024 में पीएम मोदी को सत्ता से उखाड़ फेंकेंगे? इस पर उन्होंने कहा कि हां, हम (उन्हें) उखाड़ देंगे। मुझे कितनी बार यह कहने की जरूरत है? उन्होंने कहा था कि सोनिया गांधी से मुलाकात होगी, जिसमें विपक्ष के लोगों को एक साथ लाने पर चर्चा करेंगे।

खुदाबख्श ओरिएंटल पब्लिक लाइब्रेरी को मिली नई नेतृत्वकारी दिशा, उर्दू साहित्य के प्रतिष्ठित शोधकर्ता प्रोफेसर ज़ाहिदुल हक़ निदेशक नियुक्त

प्रख्यात उर्दू विद्वान, शायर और आलोचक प्रोफेसर ज़ाहिदुल हक़ ने आज ऐतिहासिक और राष्ट्रीय महत्व

मौलाना आज़ाद नेशनल उर्दू यूनिवर्सिटी एलुमनाई फ्रेटरनिटी (एमएएफ) ने बिहार के नए डिग्री कॉलेजों में उर्दू विषय को शामिल नहीं किए जाने पर जताई गहरी चिंता

मौलाना आज़ाद नेशनल उर्दू यूनिवर्सिटी एलुमनाई फ्रेटरनिटी (एमएएफ) ने बिहार सरकार द्वारा “सेवन रिजॉल्व्स-3 (2025-30)”

शोध को वास्तविक समाधानों में बदलना:ज़हूर हुसैन बट

आईआईटी कानपुर-एनवाईयू टंडन स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग की साझेदारी यह दिखाती है कि उभरती प्रौद्योगिकियों में

मज़फ्फरपुर में उर्दू भाषा प्रकोष्ठ का प्रतियोगिता कार्यक्रम: विद्यार्थियों ने प्रस्तुत की उत्कृष्ट प्रतिभा, ‘उर्दू नामा’ पत्रिका का हुआ लोकार्पण

उर्दू निदेशालय, मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग, बिहार सरकार की योजना के अंतर्गत उर्दू भाषा सेल, मज़फ्फरपुर