गया में नक्सली हिंसा में तनाव:पुलिस ने कुख्यात नक्सली राम पुकार यादव को किया गिरफ्तार

इंसाफ टाइम्स डेस्क

नक्सलियों ने गया और औरंगाबाद जिले के सीमावर्ती इलाके में फिर से हिंसा की घटना को अंजाम दिया है। पचरुखिया लंगूराही क्षेत्र में नक्सलियों ने पोकलेन मशीन को आग लगा दी, जो पईन निर्माण कार्य में उपयोग हो रही थी। इस हमले से इलाके में भय का माहौल बन गया, और नक्सली फायरिंग करते हुए मौके से फरार हो गए।

*पईन निर्माण कार्य में नक्सलियों का हमला

यह घटना उस समय हुई जब पईन निर्माण कार्य चल रहा था। हथियारबंद नक्सलियों का एक समूह करीब एक दर्जन की संख्या में पोकलेन मशीन पर हमला करने पहुंचा। उन्होंने मजदूरों को बंधक बना लिया, उनसे मारपीट की और फिर पोकलेन मशीन में आग लगा दी। नक्सलियों ने मजदूरों को धमकी दी कि अगर निर्माण कार्य फिर से शुरू किया गया तो गंभीर परिणाम भुगतने होंगे। यह हमला लेवी (नक्सली टैक्स) से जुड़ा हुआ माना जा रहा है।

*सुरक्षा बलों ने इलाके में छानबीन शुरू की

नक्सलियों के हमले के बाद इलाके में दहशत का माहौल बन गया। पोकलेन मशीन के कर्मचारी किसी तरह अपनी जान बचाकर मौके से भागने में सफल हुए। स्थानीय लोगों और मजदूरों में भय का माहौल था, और नक्सलियों ने फायरिंग करते हुए जंगल की ओर भागकर घटना स्थल से फरार हो गए।

घटना के तुरंत बाद, गया और औरंगाबाद पुलिस ने सुरक्षाबलों के साथ इलाके में छानबीन शुरू कर दी। औरंगाबाद के एसपी अभियान, दिवेश मिश्रा ने बताया, “यह घटना एक पोकलेन मशीन को आग लगाने की प्रतीत होती है, जिसकी जांच की जा रही है। पहली नजर में यह नक्सलियों का कार्य नहीं लगता, लेकिन पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है और दोषियों की पहचान की जा रही है।”

*सुरक्षा को लेकर सवाल

इस घटना के बाद, गया-औरंगाबाद बॉर्डर क्षेत्र में सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस हमले के पीछे नक्सलियों का हाथ है या फिर कोई अन्य आपराधिक गिरोह। प्रशासन ने इलाके में सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी है और आगे की कार्रवाई जारी है।

*गया पुलिस ने कुख्यात नक्सली राम पुकार यादव को गिरफ्तार किया

गया पुलिस ने नक्सलियों के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस की विशेष टीम ने कुख्यात नक्सली राम पुकार यादव को गिरफ्तार किया है, जो कई नक्सली वारदातों और शराब के अवैध परिवहन से जुड़ा हुआ था।

राम पुकार यादव की गिरफ्तारी 8 सालों से लंबित थी, और उसकी तलाश पुलिस को काफी समय से थी। यादव पर कई नक्सली वारदातों और अवैध गतिविधियों का आरोप था। उसकी गिरफ्तारी से गया पुलिस को एक बड़ी कामयाबी मिली है।

*नक्सली गतिविधियों और शराब के अवैध कारोबार में संलिप्तता

राम पुकार यादव के खिलाफ पहले भी कई नक्सली मामले दर्ज हैं। 2016 में, उसने खोखर इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के जेसीबी और अन्य मशीनों को आग लगा दी थी। वह निर्माण कार्य करने वाली कंपनियों से लेवी वसूलता था और धमकियां देता था। इसके अलावा, पुलिस ने बताया कि यादव शराब के अवैध परिवहन से भी जुड़ा हुआ था, और उसने जनवरी 2025 में बांकेबाजार थाना क्षेत्र में शराब के अवैध परिवहन में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है।

*8 सालों से फरार था राम पुकार यादव

राम पुकार यादव पिछले 8 सालों से फरार था। पुलिस के लिए उसकी गिरफ्तारी एक चुनौती थी। गया एसएसपी आनंद कुमार के नेतृत्व में विशेष टीम ने 29 जनवरी को उसे गिरफ्तार किया। पुलिस ने बताया कि राम पुकार यादव के खिलाफ कई महत्वपूर्ण मामलों की जांच की जा रही है और वह पुलिस रडार पर था।

*गया पुलिस का बयान

*गया एसएसपी आनंद कुमार ने कहा,
“राम पुकार यादव को गिरफ्तार किया गया है। वह नक्सली गतिविधियों में शामिल था और शराब के अवैध कारोबार से जुड़ा हुआ था। हमने उसकी गिरफ्तारी के बाद जांच शुरू कर दी है और आगे की कार्रवाई की जा रही है।”

गया पुलिस ने राम पुकार यादव की गिरफ्तारी के बाद यह सुनिश्चित किया है कि उसके खिलाफ चल रही सभी जांचों को जल्द से जल्द निपटाया जाएगा।

खुदाबख्श ओरिएंटल पब्लिक लाइब्रेरी को मिली नई नेतृत्वकारी दिशा, उर्दू साहित्य के प्रतिष्ठित शोधकर्ता प्रोफेसर ज़ाहिदुल हक़ निदेशक नियुक्त

प्रख्यात उर्दू विद्वान, शायर और आलोचक प्रोफेसर ज़ाहिदुल हक़ ने आज ऐतिहासिक और राष्ट्रीय महत्व

मौलाना आज़ाद नेशनल उर्दू यूनिवर्सिटी एलुमनाई फ्रेटरनिटी (एमएएफ) ने बिहार के नए डिग्री कॉलेजों में उर्दू विषय को शामिल नहीं किए जाने पर जताई गहरी चिंता

मौलाना आज़ाद नेशनल उर्दू यूनिवर्सिटी एलुमनाई फ्रेटरनिटी (एमएएफ) ने बिहार सरकार द्वारा “सेवन रिजॉल्व्स-3 (2025-30)”

शोध को वास्तविक समाधानों में बदलना:ज़हूर हुसैन बट

आईआईटी कानपुर-एनवाईयू टंडन स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग की साझेदारी यह दिखाती है कि उभरती प्रौद्योगिकियों में

मज़फ्फरपुर में उर्दू भाषा प्रकोष्ठ का प्रतियोगिता कार्यक्रम: विद्यार्थियों ने प्रस्तुत की उत्कृष्ट प्रतिभा, ‘उर्दू नामा’ पत्रिका का हुआ लोकार्पण

उर्दू निदेशालय, मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग, बिहार सरकार की योजना के अंतर्गत उर्दू भाषा सेल, मज़फ्फरपुर