आइसा की दो दिवसीय राष्ट्रीय परिषद की बैठक सीवान में सम्पन्न।

साम्प्रदायिक राज, अडानी- राज को बदलने तथा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा- सम्मानजनक रोजगार के लिए देशव्यापी अभियान के साथ आगामी 9-10 अगस्त, को कलकत्ता में होगा आइसा का 10वां राष्ट्रीय सम्मेलन।

पटना (प्रेस रिलीज़/इंसाफ़ टाइम्स)ताजवर होटल, मजहरुल कॉलोनी, सिवान में चल रही ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (आइसा) की दो दिवसीय राष्ट्रीय परिषद की बैठक सफलतापूर्वक संपन्न हुई। राष्ट्रीय परिषद ने आरएसएस व उसके अनुषांगिक संगठनों द्वारा देश भर में फैलाये जा रहे नफरत, साम्प्रदायिक उन्माद, हिंसा की भर्त्सना की। इसके खिलाफ छात्र-नौजवानों को एकजुट होने की अपील की।

बैठक के बाद आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए,
आइसा राष्ट्रीय अध्यक्ष एन साई बालाजी ने कहा कि छात्र-नौजवान मोदी सरकार की नीतियों से नाखुश हैं। नयी शिक्षा नीति 2020 लाकर गरीब-वंचित तबकों से आने वाले छात्रों को शिक्षा से बेदखल करने की कोशिश कर रही है। देश भर के शिक्षण संस्थानों में CUET, FYUP, फीस बढ़ोत्तरी लागू करवाया जाना इसका ताजा उदाहरण है। छात्र-युवा 2024 में बड़ा बदलाव करने जा रहा है।

आइसा कार्यकारी महासचिव प्रसेनजीत ने कहा कि मोदी-राज में रोजगार की स्थिति किसी से छिपी नहीं है। मोदी-अडानी की यारी और अडानी द्वारा देश की संपत्तियों की लूट को पूरा देश देख रहा है। हालिया में जम्मू कश्मीर के पूर्व राज्यपाल सत्यपाल मलिक के इंटरव्यू ने साबित कर दिया है कि मोदी सरकार के मंसूबे देशहित के लिए नहीं बल्कि येन-केन प्रकारेण सत्ता में बने रहने का है। इसीलिए जनता के मूल सवालों से ध्यान भटकाने के लिए साम्प्रदायिक नफरत और उन्माद को बढ़ावा दे रही है।

आइसा दिल्ली राज्य सचिव नेहा ने कहा कि देश भर के शिक्षण संस्थानों में जेंडर सेंसटाइजेशन कमेटी का गठन हो और जहां कमेटियां हैं उनको सुदृढ़ किया जाए।

कर्नाटक राज्य प्रभारी लेखा अडवी ने कहा कि कर्नाटक में शैक्षणिक पाठ्यक्रमों से धर्मनिरपेक्ष आंदोलनों, नेताओं को निकालकर फासीवाद एजेंडे के तहत अवैज्ञानिक चेतना, भगवाकरण थोपने का प्रयास चल रहा है। आगे कहा कि आजाद भारत साझी शहादत और साझी विरासत से मिलकर बना है। भाजपा सरकार इस ताने-बाने को तोड़ने की कोशिश कर रही है। इसके खिलाफ आइसा आंदोलनरत है, और आने वाला चुनाव में छात्र युवा भाजपा को हराने का मूड बना लिया है।

आइसा जिलाध्यक्ष विकाश यादव ने कहा कि दरौली प्रखंड में बाबा साहब अम्बेडकर की प्रतिमा स्थापना हेतु विधायक मद द्वारा बनवाये गए चबूतरे को प्रखंड विकास पदाधिकारी द्वारा जमींदोज किया जाना शर्मनाक है। हम मांग करते हैं कि प्रविअ पर समुचित कार्यवाही की जाए तथा उक्त जगह पर पुनः चबूतरा बनाकर मूर्ति स्थापना की जाए।

बैठक में राष्ट्रीय परिषद ने छात्र-युवा विरोधी, अडानी-परस्त मोदी सरकार द्वारा किये जा रहे संविधान, लोकतंत्र, सामाजिक न्याय पर हमले के खिलाफ 9-10 अगस्त को कलकत्ता में अपना 10वां राष्ट्रीय सम्मेलन करने का निर्णय लिया है। शिक्षा-रोजगार के मुद्दे को देशव्यापी आंदोलन में तब्दील करने की दिशा में संगठन आगे बढ़ेगा।

बैठक में लगभग 17 राज्यों से परिषद् सदस्य सम्मिलित हुए थे।

खुदाबख्श ओरिएंटल पब्लिक लाइब्रेरी को मिली नई नेतृत्वकारी दिशा, उर्दू साहित्य के प्रतिष्ठित शोधकर्ता प्रोफेसर ज़ाहिदुल हक़ निदेशक नियुक्त

प्रख्यात उर्दू विद्वान, शायर और आलोचक प्रोफेसर ज़ाहिदुल हक़ ने आज ऐतिहासिक और राष्ट्रीय महत्व

मौलाना आज़ाद नेशनल उर्दू यूनिवर्सिटी एलुमनाई फ्रेटरनिटी (एमएएफ) ने बिहार के नए डिग्री कॉलेजों में उर्दू विषय को शामिल नहीं किए जाने पर जताई गहरी चिंता

मौलाना आज़ाद नेशनल उर्दू यूनिवर्सिटी एलुमनाई फ्रेटरनिटी (एमएएफ) ने बिहार सरकार द्वारा “सेवन रिजॉल्व्स-3 (2025-30)”

शोध को वास्तविक समाधानों में बदलना:ज़हूर हुसैन बट

आईआईटी कानपुर-एनवाईयू टंडन स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग की साझेदारी यह दिखाती है कि उभरती प्रौद्योगिकियों में

मज़फ्फरपुर में उर्दू भाषा प्रकोष्ठ का प्रतियोगिता कार्यक्रम: विद्यार्थियों ने प्रस्तुत की उत्कृष्ट प्रतिभा, ‘उर्दू नामा’ पत्रिका का हुआ लोकार्पण

उर्दू निदेशालय, मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग, बिहार सरकार की योजना के अंतर्गत उर्दू भाषा सेल, मज़फ्फरपुर